ज्ञान कर्म संन्यास योग
अध्याय 4 — 42 श्लोक
श्लोक 4.1देखें →श्लोक 4.2देखें →श्लोक 4.3देखें →श्लोक 4.4देखें →श्लोक 4.5देखें →श्लोक 4.6देखें →श्लोक 4.7देखें →श्लोक 4.8देखें →श्लोक 4.9देखें →श्लोक 4.10देखें →श्लोक 4.11देखें →श्लोक 4.12देखें →श्लोक 4.13देखें →श्लोक 4.14देखें →श्लोक 4.15देखें →श्लोक 4.16देखें →श्लोक 4.17देखें →श्लोक 4.18देखें →श्लोक 4.19देखें →श्लोक 4.20देखें →श्लोक 4.21देखें →श्लोक 4.22देखें →श्लोक 4.23देखें →श्लोक 4.24देखें →श्लोक 4.25देखें →श्लोक 4.26देखें →श्लोक 4.27देखें →श्लोक 4.28देखें →श्लोक 4.29देखें →श्लोक 4.30देखें →श्लोक 4.31देखें →श्लोक 4.32देखें →श्लोक 4.33देखें →श्लोक 4.34देखें →श्लोक 4.35देखें →श्लोक 4.36देखें →श्लोक 4.37देखें →श्लोक 4.38देखें →श्लोक 4.39देखें →श्लोक 4.40देखें →श्लोक 4.41देखें →श्लोक 4.42देखें →